हवाई जहाज में पायलट के पास कुल्हाड़ी क्यों होती है, कारण जानकर होंश उड़ जांएगे

0
4

आपने अक्सर कुल्हाड़ी का उपयोग पेड़ या लकड़ी काटने के लिए होते हुए देखा होगा। लेकिन क्या आपने कभी पायलेट के पास कुल्हाड़ी होने की बात सुनी है? आपमें से कई लोग यह नही जानते होंगे कि प्लेन में एक कुल्हाड़ी भी होती है जो कि प्लेन को चलाने वाले पायलेट के पास होती है।

प्लेन कई तरह के होते हैं इसके अलग अलग प्रकार होते हैं। अलग अलग तरह के प्लेन के कार्य भी अलग होते हैं इनमें ही एक होता है यात्री विमान। आपको बता दें कि यात्री विमान में पायलट के पास एक कुल्हाड़ी जरूर होती है। आज इस खबर में हम आपको यही बताने वाले हैं कि आखिर एक प्लेन के पायलेट के पास कुल्हाड़ी क्यों होती है।

टेकऑफ से पहले इसको प्लेन में होना है जरूरी

दोस्तों यह कुल्हाड़ी या तो प्लेन के पायलेट के पास रहती है या तो प्लेन के कॉक पिट में मौजूद होती है। इस कुल्हाड़ी के बिना प्लेन टके ऑफ नही करता,इसलिए टेक ऑफ से पहले इस कुल्हाड़ी की जाँच की जाती है। कहीं कही तो यह एक अनिवार्य नियम भी है जिसका पालन कानून की तरह किया जाता है। टेकऑफ करने से पहले पायलेट को चाहिये कि वो अच्छे से चेक कर लें कि उड़ान भरने से पहले प्लेन के कॉक पिट में यह कुल्हाड़ी अवश्य हों।

कॉक पिट में रहती है सेट

यह कुल्हाड़ी पेड़ काटने वाली कुल्हाड़ी से पूरी तरह अलग होती है। यह एक पोर्टेबल टूल होता है जो कि कुल्हाड़ी के आकार का होता है साइज में बहुत छोटी होती है और कॉक पिट में सेट रहती है। इस कुल्हाड़ी का इस्तेमाल केवल आपातकाल की स्थिति में ही किया जाता है। आग लगने की स्थिति में या निकासी दरवाजा ढक जाने की स्थिति में इस कुल्हाड़ी नुमा टूल का इस्तेमाल किया जाता है। यही कारण है कि प्लेन में कुल्हाड़ी मौजूद होती है।